अनिद्रा , मधुमेह, कैंसर, फेफड़े, हृदय, वजन कम करने व इम्यूनिटी बढ़ाने का पौष्टिक फल है --खरबूजा
खरबूजा गर्मियों के दिनों मौसमी फल है। खरबूजा व्यक्ति को स्वस्थ बनाता है, खरबूजे का वैज्ञानिक नाम कुकुमिस मेलो है, जो कुकुरबिटेसी (Cucurbitaceae) के परिवार से संबंधित है। गर्मियों में इसका सेवन करना अच्छा होता है, क्योंकि इसमें पौष्टिक तत्व के साथ-साथ पानी की अच्छी मात्रा पाई जाती है। यह गर्मियों में शरीर को डिहाइड्रेट होने से बचा सकता है।
खरबूजे के पौष्टिक तत्व –
पोषक तत्व मात्रा प्रति 100 ग्राम
पानी 90.15 g , ऊर्जा 34 kcal ,प्रोटीन
0.84 g , टोटल लिपिड (फैट) 0.19 g ,कार्बोहाइड्रेट 8.16 g
फाइबर, टोटल
डाइटरी 0.9 g ,शुगर, टोटल
7.86 g ,मिनरल ,कैल्शियम, Ca 9 mg
,आयरन, Fe 0.21 mg
मैग्नीशियम,
Mg12 mg ,फास्फोरस, P 15 mg ,पोटेशियम, K
267 mg ,सोडियम, Na 16 mgजिंक, Zn0.18mg
विटामिनविटामिन-सी, एस्कॉर्बिक एसिड 36.7
mg ,थियामिन 0.041 mg
,राइबोफ्लेविन 0.019 mg,नियासिन 0.734
mg ,विटामिन-बी6 0.072 mg,फोलेट, DFE 21 µg ,विटामिन ए, RAE 169 µg ,विटामिन ए,।U 3382 ।U
,विटामिन -ए (अल्फा-टोकोफेरोल)0.05 mg
,विटामिन-के2.5 µg ,लिपिड फैटी एसिड,
टोटल सैचुरेटेड 0.051 g ,फैटी एसिड, टोटल मोनोअनसैचुरेटेड 0.003 g
,फैटी एसिड, टोटल पॉलीसैचुरेटेड 0.081
g
खरबूजा खाने के फायदे
वजन कम करने में
खरबूजा एंटीऑक्सीडेंट का स्त्रोत है । एक अन्य शोध
में दिया गया है कि कुकुरबिट परिवार से संबंधित फल में मौजूद डाइटरी फाइबर भी मोटापा
को कम कर सकता है।योग के साथ खरबूजे के नियमित रूप से भी वजन कम करने में मदद कर सकता है।
कैंसर को रोकने के लिए
क्योंकि खरबूजे में एंटी-कैंसर के गुण पाए जाते हैं।
एक वैज्ञानिक अध्ययन के अनुसार, खरबूजे में मौजूद एंटी-कैंसर गुण शरीर में बनने वाले
ट्यूमर को बढ़ने से रोक सकता हैं। खरबूजे का सेवन करने से कैंसर से बचाव किया जा सकता
है । बस याद रखें कि कैंसर एक गंभीर बीमारी है, इसका इलाज खरबूजा नहीं हो सकता है।
सिर्फ इसका सेवन करके इससे बचाव किया जा सकता है।
आंखों के लिए
खरबूजे में
विटामिन-ए भरपूर मात्रा में पाया जाता है, इससे आंखों की रोशनी तेज हो सकती है ।इतना
ही नहीं खरबूज ऐज-रिलेटेड मैकुलर डिजनरेशन (एएमडी) यानी बढ़ती उम्र की वजह से होने
वाली आंखों से संबंधित समस्या जैसे मोतियाबिंद, नजर कमजोर होना और अंधेपन को कम कर
सकता है। ग्लोबल रिसर्च की मानें, तो ल्यूटिन और जेक्सैंथिन कैरोटीनॉइड की कमी के कारण
यह परेशानियां होती हैं। ये दोनों कैरोटीनॉइड खरबूजे में पाए जाते है, जो मोतियाबिंद
और अन्य उम्र से संबंधित समस्याओं से बचाव कर सकते हैं ।
मधुमेह के लिए
खरबूजा के
फायदे में मधुमेह भी शामिल है। एनसीबीआई (नेशनल सेंटर फॉर बायो टेक्नोलॉजी इनफार्मेशन)
की वेबसाइट पर प्रकाशित एक वैज्ञानिक शोध के अनुसार, खरबूजे में ऑक्सीकाइन पाया जाता
है, जो रक्त में शुगर के स्तर को संतुलित करने में सहायक हो सकता है। यह ऑक्सिडेटिव
स्ट्रेस को भी दूर रखने का काम कर सकता है (। इसी वजह से कहा जाता है कि खरबूजा खाने
के लाभ मधुमेह ग्रसित लोगों को भी हो सकते हैं।
फेफड़े का स्वास्थ्य
खरबूजा एक
पौष्टिक फल है, जो बीटा-कैरोटीन से समृद्ध होता है। यह लंग्स कैंसर पर प्रभावी असर
दिखा सकता है । इसके छिलके व गूदा में मौजूद बीटा-कैरोटीन और एंटीऑक्सीडेंट्स शरीर
को ऑक्सीजन-मुक्त कणों से बचाते हैं और इसी वजह से फेफड़े से संबंधित कैंसर से सुरक्षा
मिलती है । इसके अलावा, बीटा-कैरोटीन अधिक एक्सरसाइज से होने वाले अस्थमा पर भी सकारात्मक
प्रभाव डाल सकता है । इसी वजह से खरबूज खाने के फायदे में फेफड़े का स्वास्थ्य भी शामिल
है।
गर्भवती के लिए लाभदायक
खरबूजा खाने
के फायदे गर्भवती महिलाओं के लिए भी हो सकता है। प्रेगनेंसी के दौरान खरबूजा शरीर में
पोषक तत्वों की पूर्ति कर सकता है। साथ ही इसमें पाया जाने वाला फोलिक एसिड, न्यूरल
ट्यूब (शिशु के मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डियों से जुड़ी समस्या) से बचाव का काम कर सकता
है ।
इम्यूनिटी के लिए
खरबूजा के
लाभ में शरीर के इम्यून सिस्टम यानि प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करने का काम भी शामिल
है। इसमें विटामिन-सी की अधिकता होती है, जो एक कारगर एंटीऑक्सीडेंट है। यह इम्यून
सिस्टम को मजबूत बनाने के साथ ही कई बीमारियों से लड़ने में मदद कर सकता है । इसके
अलावा, खरबूजे में इम्यूनोमॉड्यूलेटरी गतिविधि भी पाई जाती है, जो शरीर की आवश्यकता
के अनुसार प्रतिरक्षा प्रणाली को बढ़ाने और सामान्य करने का कार्य कर सकती है । इसी
वजह से इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए खरबूजे को अच्छा माना जाता है।
धूम्रपान से होने वाले नुकसान के लिए
एक वैज्ञानिक
अध्ययन के अनुसार, धूम्रपान करने वाले लोगों में बीटा-कैरोटीन और विटामिन-सी की कमी
हो सकती है। इन पोषक तत्वों की कमी कैंसर और हृदय से जुड़ी समस्याओं का कारण बन सकती
है। ऐसे में खरबूजा का सेवन धूम्रपान से होने वाले इस पोषक तत्वों की कमी को पूरा करने
का काम कर सकता है, जिससे दिल का दौरा और स्ट्रोक के जोखिम से बचाव हो सकता है ।
दांत दर्द
दांत दर्द
की समस्या मे- खरबूजे में एनाल्जेसिक गतिविधि होती है, जिसे दर्द को कम करने के लिए
जाना जाता है। ऐसे में माना जाता है कि खरबूजे के सेवन से दांत के दर्द को कम किया
जा सकता है । हालांकि, इस संबंध में अभी सटीक वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है।
हृदय के लिए खरबूजे के फायदे
एक वैज्ञानिक
रिसर्च के मुताबिक, खरबूजा के लाभ हृदय को भी होते हैं। इसमें बीटा कैरोटीन होता है,
जो पॉवरफुल एंटीऑक्सीडेंट की तरह काम कर सकता है। एंटीऑक्सीडेंट हृदय में रक्त संचार
को सुचारू बनाए रखने में मदद कर सकता है, जिससे दिल का दौरा व हृदय रोग जैसी घातक बीमारियों
को दूर रखा जा सकता है । साथ ही इसमें बड़ी मात्रा में एडेनोसाइन कंपाउंड होता है,
जो एंटीकॉगुलेंट यानी ब्लड थिनर के रूप में भी कार्य करता है। इसकी वजह से खरबूजा दिल
की बीमारी से बचाव कर सकता है ।
तनाव मुक्ति के लिए
खरबूजा तनाव
से मुक्ति दिलाने का भी काम कर सकता है। एक मेडिकल रिसर्च के अनुसार, खरबूजे के रस
में सुपरऑक्साइड डिसम्यूटेज (एसओडी) एंजाइम की समृद्ध मात्रा होती है, जो तनाव को कम
करने के लिए सकारात्मक रूप से फायदेमंद हो सकती है। सुपरऑक्साइड डिसम्यूटेस शरीर के
एंजाइमैटिक एंटीऑक्सीडेंट रक्षा प्रणाली का मुख्य एंजाइम होता है, जो ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस
से भी छुटकारा दिला सकता है ।
पाचन के लिए
खरबूजे ।
वहीं, खरबूजे में फाइबर की अधिक मात्रा पाई जाती है, जो पाचन क्रिया को बेहतर बनाने
में मदद कर सकता है । फाइबर की मात्रा पाचन
तंत्र की प्रक्रिया को बेहतर बनाता है खरबूजा एक रसदार फल है, जिसमें पानी की भरपूर
मात्रा होती है। गर्मियों में शरीर को हाइड्रेट खना जरुरी हैं, और खरबूजा इसके लिए
उत्तम फल हो सकता है। यह आसानी से पच जाता है। साथ ही यह शरीर को ठंडक प्रदान कर सकता
है।
अनिद्रा के लिए
शारीरिक और
मानसिक तनाव अनिद्रा जैसी समस्या का कारण बन सकते हैं, जो कई गंभीर बीमारियों को बुलावा
दे सकता है। ऐसे में खरबूजे के सेवन से नींद न आने की समस्या से छुटकारा पाया जा सकता
है। एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित एक वैज्ञानिक शोध में इस बात का जिक्र है कि खरबूजे
के रस में पाए जाने वाला सुपरऑक्साइड डिसम्यूटेज (एसओडी) एंजाइम नींद संबंधी परेशानियों
पर सकारात्मक प्रभाव डाल सकता है ।
खरबूजा बीज के औषधीय गुण
खरबूजे के
बीज में अनेक तरह के औषधीय गुण होते हैं, जिससे खरबूजे के बीज खाने के फायदे कई हो
सकते हैं। मासिक धर्म के समय इसे पीस कर खाने से दर्द से राहत मिल सकती है । इसके अलावा,
खरबूजे के बीज से बना तेल एक्जीमा जैसी त्वचा समस्या के लिए भी फायदेमंद हो सकता है
।
गठिया की समस्या के लिए
विटामिन-सी
शरीर के लिए महत्वपूर्ण पोषक तत्व होता है, जो एंटीऑक्सीडेंट के रूप में काम कर सकता
है। इससे शरीर को फ्री-रेडिकल्स से होने वाले नुकसान से बचाया जा सकता है। जिनमें से
एक गठिया भी है। ऐसे में खरबूजे में मौजूद विटामिन-सी शरीर को गठिया से बचा सकता है
। खरबूजे के बीज भी गठिया से राहत दिला सकते हैं। दरअसल, इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी और
एनाल्जेसिक गुण होते हैं, जो गठिया की वजह से होने वाली सूजन और दर्द से राहत दिला सकते हैं ।
खरबूजे की चाय के औषधीय गुण
खरबूजे में
पाए जाने वाले पौष्टिक तत्व उससे बनने वाली चाय में भी मौजूद होते हैं। खरबूजे की कोल्ड
टी सेहत के लिए फायदेमंद हो सकती है । इसे नियमित रूप सेवन करने पर मधुमेह, लीवर व
हृदय रोग जैसी समस्याओं से कुछ हद तक राहत मिल सकती है। साथ ही यह शरीर की प्रतिरक्षा
प्रणाली को भी मजबूत करने का काम कर सकता है।
गुर्दे की पथरी के लिए
एक शोध के
मुताबिक पथरी की समस्या को दूर करने के लिए साइट्रिक एसिड फायदेमंद होता है। खरबूजे
में साइट्रेट और कैल्शियम पाए जाते हैं, जो ऑक्सालेट क्रिस्टल को बढ़ने से रोकने का
काम कर सकते हैं। इससे पथरी को बढ़ने से रोका जा सकता है। कई लोगों के यूरिन में साइट्रेट
की कमी होती है। ऐसे में उन्हें साइट्रिक एसिड युक्त खाद्य पदार्थ देना चाहिए, जो पथरी
से राहत देने में सहायक हो सकता है । खरबूजे का रस किडनी की सफाई कर विषैले पदार्थों
को बाहर निकालता है
बढ़ते उम्र के प्रभाव के लिए
खरबूज खाने
के फायदे उम्र के बढ़ते प्रभाव को कम करने का काम कर सकते हैं। एनसीबीआई की वेबसाइट
पर पब्लिश वैज्ञानिक शोध के अनुसार, सूरज के अल्ट्रावायलेट रेडिएशन के कारण फोटो एजिंग
यानी समय से पहले उम्र बढ़ना शुरू हो सकता है। ऐसे में खरबूजे में पाए जाने वाले एंटीऑक्सीडेंट
अल्ट्रावायलेट के प्रभाव और नुकसान को कम करने का काम कर सकते हैं, जिससे उम्र बढ़ने
की प्रक्रिया को धीमा किया जा सकता है ।
बालों की मजबूती


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